सलूम्बर में छात्राओं को बताए कानूनी अधिकार, आत्मरक्षा के भी दिए गुर पॉक्सो और घरेलू हिंसा कानून की दी जानकारी, पोस्टर-क्विज व मेहंदी प्रतियोगिताओं में छात्राओं ने दिखाई प्रतिभा
सलूम्बर। बालिकाओं को अपने कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं महिला अधिकारिता विभाग की ओर से वीरबाला कालीबाई राजकीय जनजातीय बालिका आश्रम छात्रावास, डाल रोड, सलूम्बर में जिला स्तरीय जागरूकता कार्यक्रम एवं कार्यशाला आयोजित की गई। नारी चौपाल-सशक्त बालिका, सुरक्षित समाज सप्ताह के तहत आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं को शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और कानूनी सहायता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं।
पॉक्सो कानून और निशुल्क विधिक सहायता पर जोर
कार्यक्रम में अपर जिला न्यायाधीश विनीत कुमार ने बालिकाओं को उनके कानूनी अधिकारों, निशुल्क विधिक सेवाओं और विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका के बारे में बताया। उन्होंने पॉक्सो अधिनियम और घरेलू हिंसा अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की परेशानी या अधिकारों के उल्लंघन की स्थिति में बालिकाओं को कानूनी सहायता लेने के लिए आगे आना चाहिए।
स्वास्थ्य, स्वच्छता और आत्मरक्षा के बताए तरीके
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की चिकित्सा अधिकारी डॉ. रिद्धि रोत ने एनीमिया, यौन एवं प्रजनन स्वास्थ्य, मासिक धर्म स्वच्छता और मानसिक स्वास्थ्य जैसे विषयों पर छात्राओं का मार्गदर्शन किया। उन्होंने पौष्टिक आहार, व्यक्तिगत स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को नजरअंदाज नहीं करने की सलाह दी।
वहीं, पुलिस विभाग की कालिका पेट्रोलिंग टीम ने छात्राओं को व्यक्तिगत सुरक्षा, आत्मरक्षा और विपरीत परिस्थितियों में सतर्क रहने के तरीके बताए। टीम ने बालिकाओं को आत्मविश्वास के साथ परिस्थितियों का सामना करने और अपनी सुरक्षा के प्रति सजग रहने के लिए प्रेरित किया।
पोस्टर, क्विज और मेहंदी प्रतियोगिताओं में लिया भाग
कार्यशाला के दौरान पोस्टर, क्विज और मेहंदी सहित विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। छात्राओं ने उत्साह के साथ भाग लेते हुए अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली बालिकाओं को पुरस्कार देकर प्रोत्साहित किया गया।
सरकारी योजनाओं की भी दी जानकारी
महिला अधिकारिता विभाग की ओर से बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, लाडो प्रोत्साहन और शिक्षा सेतु योजना के बारे में जानकारी दी गई। इसके साथ ही वन स्टॉप सेंटर, महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र तथा पन्ना धाय सुरक्षा एवं सम्मान केंद्र के माध्यम से उपलब्ध सेवाओं के बारे में भी बताया गया।
कार्यक्रम में वीरबाला कालीबाई राजकीय जनजातीय बालिका आश्रम छात्रावास और कस्तूरबा गांधी आवासीय स्कूल टाइप-4 की छात्राओं के साथ वार्डन, विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यशाला का उद्देश्य बालिकाओं को अधिकारों के प्रति जागरूक कर उन्हें शिक्षित, सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित करना रहा।