सलूम्बर, 4 अगस्त। बच्चों को अपने शरीर और मन की सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से मंगलवार को सलूम्बर जिले के विभिन्न विद्यालयों में विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर आयोजित किए गए। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से आयोजित ‘ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूजडे’ अभियान के तहत विद्यार्थियों को अच्छे और बुरे स्पर्श के बीच अंतर समझाते हुए किसी भी तरह के शोषण या दुर्व्यवहार की स्थिति में चुप नहीं रहने का संदेश दिया गया।
शिविरों में न्यायिक अधिकारियों ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि बच्चों को अपने शरीर की सुरक्षा के प्रति सजग रहना चाहिए। किसी व्यक्ति के व्यवहार से असहज महसूस होने पर तुरंत किसी भरोसेमंद अभिभावक, शिक्षक या जिम्मेदार व्यक्ति को इसकी जानकारी देनी चाहिए। विद्यार्थियों को शारीरिक, यौन और भावनात्मक दुर्व्यवहार के विभिन्न पहलुओं की जानकारी भी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान ‘शोषण के खिलाफ आवाज उठाओ, स्वयं अपने रक्षक बनो—अच्छा स्पर्श, बुरा स्पर्श, फर्क समझो, सुरक्षित रहो’ विषय पर जागरूकता गतिविधियां कराई गईं। विद्यार्थियों को बाल यौन अपराधों से संरक्षण अधिनियम (पोक्सो) के प्रावधानों तथा बच्चों के साथ होने वाले अपराधों में कानूनी कार्रवाई की जानकारी दी गई।
कानून की जानकारी के साथ मदद के रास्ते भी बताए
शिविर में विद्यार्थियों को राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से उपलब्ध निःशुल्क विधिक सेवाओं के बारे में बताया गया। साथ ही जरूरत पड़ने पर सहायता लेने के लिए नालसा हेल्पलाइन 15100, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 तथा पुलिस हेल्पलाइन 100 और 112 की जानकारी दी गई।
राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से उपलब्ध कराई गई जागरूकता पुस्तिकाएं विद्यालयों को वितरित की गईं और विद्यार्थियों के व्हाट्सऐप समूहों के माध्यम से भी उपलब्ध कराई गईं, ताकि बच्चे और उनके अभिभावक इन जानकारियों को आसानी से पढ़ सकें।
न्यायिक अधिकारियों ने संभाली जिम्मेदारी
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सलूम्बर के अध्यक्ष रामेश्वर प्रसाद चौधरी के सानिध्य एवं सदस्य सचिव, राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार आयोजित कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव विनीत कुमार सहित अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विजय सिंह महावर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चन्द्रप्रकाश पाटीदार, अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ज्योतिपुरी तथा न्यायिक मजिस्ट्रेट तन्मय जोशी ने विभिन्न विद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रमों में सहभागिता की। तालुका विधिक सेवा समिति, सराड़ा की ओर से कनिष्ठ सहायक देवेन्द्र सिंह राठौड़ ने भी कार्यक्रम में सहयोग किया।
इस दौरान चीफ एलएडीसी महेश कुमार जोशी, असिस्टेंट एलएडीसी संचित सुहालका व फाल्गुनी शर्मा, कार्यालय कनिष्ठ सहायक ऋषिकेश मीणा सहित विद्यालयों के शिक्षक एवं स्टाफ मौजूद रहे। जिले के विभिन्न विद्यालयों में आयोजित इन शिविरों से करीब 910 विद्यार्थी लाभान्वित हुए।