सलूंबर, 4 अगस्त। किसानों को खाद-बीज सहित गुणवत्तापूर्ण कृषि सामग्री निर्धारित दरों पर उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग ने जिले में गुणवत्ता नियंत्रण अभियान तेज कर दिया है। मंगलवार को विभागीय टीमों ने विभिन्न कृषि आदान विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर उर्वरकों के स्टॉक, बिक्री और रिकॉर्ड की जांच की।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने विक्रेताओं को स्पष्ट निर्देश दिए कि यूरिया समेत सभी उर्वरकों की बिक्री सरकार द्वारा निर्धारित दरों पर ही की जाए। किसानों से अधिक कीमत वसूलने या खाद की कालाबाजारी करने पर संबंधित विक्रेता के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
दुकान पर रोज अपडेट करना होगा स्टॉक
अधिकारियों ने दुकानदारों को प्रतिष्ठान पर उर्वरकों की नवीनतम मूल्य सूची प्रमुखता से प्रदर्शित करने के निर्देश दिए। साथ ही स्टॉक बोर्ड और डैशबोर्ड को प्रतिदिन अपडेट करने तथा खाद की खरीद-बिक्री से संबंधित रिकॉर्ड व्यवस्थित रखने को कहा गया।
कृषि विभाग ने साफ किया कि स्टॉक और बिक्री के रिकॉर्ड में गड़बड़ी या अभिलेख संधारण में लापरवाही मिलने पर इसे गंभीरता से लिया जाएगा। उर्वरक नियंत्रण आदेश, 1985 के प्रावधानों के तहत संबंधित विक्रेता के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
किसानों से रसीद लेने की अपील
विभाग ने किसानों से अपील की है कि खाद खरीदते समय निर्धारित दर की जानकारी जरूर लें और विक्रेता से बिल अथवा रसीद अवश्य प्राप्त करें। यदि कोई दुकानदार निर्धारित कीमत से अधिक राशि मांगता है या खाद की बिक्री में अनियमितता करता है तो किसान इसकी सूचना कृषि विभाग को दें।
विभाग का कहना है कि किसानों के हित से जुड़े इस अभियान के दौरान अनियमितता पाए जाने पर कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।







