सलूंबर पंचायत समिति के सभागार में आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन संपन्न हुआ।कार्यशाला के दौरान संस्था सचिव मोहन डांगी ने
सहभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि चरनोट भूमि गोवंश के लिए संरक्षित है और गाय गांव की
आत्मा है इसलिए हमें गांव बचाने है तो गोचर भूमि बचानी होगी जिससे गाय चरेगी।सहायक विकास अधिकारी गेबीलाल बुनकर ने कहा कि मनरेगा से ग्रामसभा में प्रस्ताव देकर ग्रामीण अपने चरागाहों का विकास कर सकते हैं।कार्यशाला के आरंभ में संस्था
की ओर से सभी संभागियों का स्वागत समन्वयक मांगीलाल गुर्जर द्वारा किया गया। कार्यशाला में जलग्रहण विकास विभाग झल्लारा के अभियंता प्रिंस सोनी ने जल संरक्षण कार्यक्रम के तहत क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों से अवगत कराया।
इस अवसर पर नामड़ा पाल,डगार, मानपुर, बाँरा, सराड़ी, टोड़ा, अदकालिया, गटेड, पायरा, बुडेल, मालपुर, कादमा, पानीलाल, मोरिला, गींगला, आदि गांवों के लगभग 125 महिला-पुरुषों ने भाग लिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता ड़गार के वार्ड पंच रूपजी
पटेल ने की। विशेष अथिति रामजी मानपुर और गौतम जी बाँरा रहे। कार्यक्रम के अंत में मंजू बिस्वास ने आभार व्यक्त किया। संचालन सामाजिक कार्यकर्ता प्रभाशंकर शर्मा ने किया। संयोजन भेरूलाल मीणा बाँरा, कालूललाल मीणा और दिनेश पटेल ने किया।