हाथीवाले के महंत श्री नरेश दास ने बताया कि 15 मई को सुबह से गीता परिवार,उदयपुर के संपत जी महेश्वरी ने गज के अच्छे स्वास्थ्य के लिए गीता पारायण करने की महत्ता बताइ। गीता परिवार उदयपुर से नंदलाल पालीवाल, मंजू कुमावत ,संपत माहेश्वरी, पूर्णिमा व्यास,राधा माहेश्वरी,सुभाष मेहता,सीमा कुमावत,राधेश्याम मंडोवरा,सरस्वती माहेश्वरी,गिरधारीलाल बारहट,विष्णु शंकर पालीवाल,वीरपाल सिंह राणा, मान्यसिंह,खुशाली राजपूत, इंद्रप्रकाश यादव एवं चंद्रकांता वैदेहीऔर सन्तोष दीदी ने संपूर्ण गीता पाठ व गजेंद्र मोक्ष का पाठ किया इस अवसर पर गीताव्रती संतोष दीदी ने गीताजी के 5 वें अध्याय कर्मसंन्यासयोग के 18 वें श्लोक का विवेचन करते हुए बताया कि तत्व ज्ञानी पुरुष सदैव विद्वान ब्राह्मण,विनम्र साधु, गाय, हाथी श्वान एवं सब प्राणियों में समान दृष्टि रखता है, धरती के विशाल प्राणी हाथी में भी वहीं आत्मा हैं जो हम सब में हैं। महंतजी ने रामू के उत्तम स्वास्थ्य की मंगल कामना की। इस अवसर पर वन विभाग,उदयपुरके सहयोग से,वाइल्ड लाइफ एसओएस की टीम, अंबानी ग्रुप अहमदाबाद की, मथुरा की
मेडिकल टीमे अनवरत हथिनी की सेवा में लगी हुई है। पुजारी माधव दास, भंडारी मनोज दास, छोटू दास, वृंदावन दास, नंद दास हाथी सेवादार भी हथिनी रामु की सेवा में लगे है। कार्यक्रम की पूर्णता के साथ महामृत्युंजय जाप भी किया गया।WhatsApp us