
रामद्वारा ट्रस्ट के हितेश राजसोनी ने बताया कि आयोजन में विशेष सेवा देने वाले भक्तों का सम्मान भी किया जाएगा। कथा वाचक संत श्री शंभूराम जी महाराज ने धर्मसभा को संबोधित करते हुए कहा कि
“प्रतापगढ़ रामद्वारा आस्था और श्रद्धा का केंद्र है। यहां आने वाले भक्तों की मन्नतें सदैव पूरी होती हैं। जो भी पूर्ण निष्ठा और विश्वास के साथ गुरु दरबार में प्रार्थना करता है, उसे कभी निराशा नहीं मिलती।”
कार्यक्रम के समापन पर आरती एवं विशाल भंडारा आयोजित हुआ, जो देर शाम तक चलता रहा। आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं सेवाभावी भक्तों ने भाग लिया।WhatsApp us