झल्लारा । स्थानीय ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, विरवा बड़ी में आज उस समय भारी हंगामा खड़ा हो गया, जब लोकप्रिय शिक्षक हितपाल सिंह के स्वैच्छिक स्थानांतरण (तबादले) की खबर ग्रामीणों और छात्र-छात्राओं तक पहुँची। अपने पसंदीदा शिक्षक के जाने से नाराज ग्रामीणों ने उग्र रुख अपनाते हुए स्कूल के मुख्य द्वार (गेट) पर ताला जड़ दिया और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिक्षक हितपाल सिंह ने हाल ही में विभाग से अपना स्वैच्छिक स्थानांतरण करवाया था।
जैसे ही वे अपनी कार्यमुक्ति और नए स्थान पर कार्यभार संभालने की प्रक्रिया के तहत आगे बढ़े, ग्रामीणों को इसकी भनक लग गई। शिक्षक के जाने से बच्चों की पढ़ाई और स्कूल के माहौल पर पड़ने वाले असर को देखते हुए ग्रामीण इस निर्णय के खिलाफ लामबंद हो गए और इसका पुरजोर विरोध करने का मन बना लिया।
प्रदर्शन को और अधिक प्रभावशाली बनाने के लिए ग्रामीणों ने स्कूली बच्चों को आगे कर दिया। देखते ही देखते विरोध प्रदर्शन ने बड़ा रूप ले लिया और स्कूल के सारे विद्यार्थी बाहर आकर सड़क पर बैठ गए। बच्चों ने मुख्य द्वार पर ताला लगाने के साथ-साथ सड़क पर बैठकर लगातार नारेबाजी शुरू कर दी, जिससे “हमारी मांगें पूरी करो” और “हमारे गुरुजी को वापस लाओ” के नारों से पूरा परिसर और आसपास का क्षेत्र गूंज उठा। सड़क पर बच्चों के बैठने के कारण स्थानीय मार्ग पर आवागमन भी आंशिक रूप से प्रभावित हुआ।
ग्रामीणों का स्पष्ट रूप से कहना है कि एक बेहद अच्छे, कर्मठ और समर्पित शिक्षक के जाने से विद्यालय का शैक्षणिक स्तर पूरी तरह से गिर जाएगा, जिसे वे अपने बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ मानते हैं और इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे।इ स अप्रत्याशित घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों में हड़कंप मच गया है। समाचार लिखे जाने तक ग्रामीण और छात्र अपनी मांग पर अड़े हुए हैं और मौके पर समझाइश के लिए प्रशासनिक दल के पहुंचने का इंतजार किया जा रहा है।
ग्रामीण इस बात पर अड़े हैं कि जब तक स्थानांतरण रद्द नहीं होता, स्कूल का ताला नहीं खोला जाएगा।